Rahul Dravid Shubman Gill
दिल्ली: भारत की टीम विश्व टेस्ट चैंपियनशिप 2025-27 के फाइनल में पहुंचने की दौड़ में थोड़ी पीछे हो गई है। टीम के पास अभी भी फाइनल में जगह बनाने का मौका है, लेकिन इसके लिए बचे हुए मुकाबलों में शानदार प्रदर्शन करना होगा। पूर्व भारतीय हेड कोच राहुल द्रविड़ का मानना है कि भारत को अब अपने बाकी मैचों में लगातार अच्छा प्रदर्शन करना पड़ेगा।
भारत को करीब छह मैच जीतने की जरूरत
भारत के विश्व टेस्ट चैंपियनशिप अभियान में अब आठ टेस्ट मैच बाकी हैं। इनमें से करीब छह मुकाबलों में जीत हासिल करना टीम के लिए काफी अहम होगा। फिलहाल भारत अंक तालिका में पांचवें स्थान पर है और उसके सामने फाइनल में पहुंचने की चुनौती काफी बड़ी है।
फाइनल में अंक तालिका की शीर्ष दो टीमें जगह बनाएंगी। भारत पहले ही दो बार विश्व टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल खेल चुका है, लेकिन दोनों बार उसे खिताबी मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा था।
श्रीलंका के खिलाफ भारत की शुरुआत अच्छी
भारत इस समय श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट मैचों की सीरीज खेल रहा है। टीम ने पहला टेस्ट जीतकर सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है। दूसरे टेस्ट में भी भारतीय टीम ने मजबूत बल्लेबाजी के दम पर अपनी स्थिति बेहतर कर ली है।
राहुल द्रविड़ ने कहा कि श्रीलंका के खिलाफ अच्छी शुरुआत भारत के लिए सकारात्मक संकेत है।
“वे थोड़े पीछे हो गए हैं, लेकिन भारतीय टीम में जिस तरह की गुणवत्ता है, उसे किसी भी स्तर पर खारिज नहीं किया जा सकता। उन्होंने श्रीलंका के खिलाफ अच्छी शुरुआत की है, इसलिए यह एक अच्छी शुरुआत है।”
द्रविड़ को उम्मीद है कि भारत मौजूदा स्थिति से वापसी करते हुए विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल के लिए क्वालीफाई कर सकता है।
“मुझे उम्मीद है कि वे ऐसा करेंगे। अगर भारत यहां से विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के फाइनल के लिए क्वालीफाई करता है तो यह शानदार सफर होगा।”
न्यूजीलैंड दौरा होगा बड़ी चुनौती
श्रीलंका के बाद भारत को अक्टूबर में न्यूजीलैंड का दौरा करना है। इस दौरान दोनों टीमों के बीच दो टेस्ट मैच खेले जाएंगे। द्रविड़ के मुताबिक न्यूजीलैंड की परिस्थितियों में खेलना भारतीय टीम के युवा खिलाड़ियों के लिए बड़ी चुनौती होगी।
“न्यूजीलैंड में खेलना हमेशा चुनौतीपूर्ण होता है। न्यूजीलैंड घर से बाहर खेलने के लिए एक मुश्किल टीम है। भारतीय टीम के कई युवा खिलाड़ियों ने उन परिस्थितियों में नहीं खेला है, इसलिए यह एक बड़ी चुनौती होगी।”
द्रविड़ ने यह भी कहा कि विराट कोहली, रोहित शर्मा, अजिंक्य रहाणे और चेतेश्वर पुजारा जैसे अनुभवी खिलाड़ियों की कमी भारत को महसूस हो सकती है।
“हम विराट और रोहित, अजिंक्य रहाणे और चेतेश्वर पुजारा जैसे खिलाड़ियों के अनुभव को मिस कर रहे हैं, जो शायद पिछली बार भारत के वहां जाने के समय टीम का हिस्सा थे। इसलिए यह सीरीज भी दिलचस्प होगी।”
उन्होंने भारतीय खिलाड़ियों की फिटनेस को भी महत्वपूर्ण बताया और कहा कि अगले कुछ महीनों में टीम को चोटों से बचकर रहना होगा।
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भी आसान नहीं होगी राह
न्यूजीलैंड के बाद भारत को जनवरी 2027 से ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ घर में पांच टेस्ट मैचों की सीरीज खेलनी है। द्रविड़ के मुताबिक ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी भारत में अच्छा प्रदर्शन करने के लिए काफी उत्सुक होंगे।
“ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सीरीज बेहद रोमांचक होगी। उनके कई खिलाड़ी भारत में अच्छा प्रदर्शन करने के लिए काफी उत्सुक होंगे। यह वास्तव में महान ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों की एक पीढ़ी और शानदार ऑस्ट्रेलियाई टीम है, जिसने भारत में सीरीज नहीं जीती है। इसलिए वे ऐसा करने के लिए काफी उत्सुक होंगे।”